रांची में एसएससी जीडी कांस्टेबल भर्ती परीक्षा के दौरान हाईटेक नकल का बड़ा मामला सामने आया है. झारखंड पुलिस ने इस मामले में 20 वर्षीय एक अभ्यर्थी समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया है. पुलिस के अनुसार, आरोपी कथित तौर पर तकनीकी उपकरणों की मदद से परीक्षा में नकल कराने की कोशिश कर रहे थे. गिरफ्तार सभी आरोपी बिहार के रहने वाले बताए जा रहे हैं. मामले की जांच जारी है. शुक्रवार को एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने इसकी पुष्टि की.

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झारखंड पुलिस ने रांची के टाटिसिलवे थाना क्षेत्र स्थित एक ऑनलाइन परीक्षा केंद्र से चार लोगों को गिरफ्तार किया है. पुलिस को सूचना मिली थी कि परीक्षा के दौरान कंप्यूटर सिस्टम को हैक करने की कोशिश की जा रही है.
इसके बाद गुरुवार को पुलिस ने छापेमारी कर चार आरोपियों को हिरासत में लिया। गिरफ्तार लोगों में एक अभ्यर्थी, एक पर्यवेक्षक, सेंटर अधीक्षक और एक आईटी कर्मचारी शामिल हैं.
आरोपियों की पहचान सीवान निवासी मृत्युंजय कुमार यादव, नालंदा निवासी संजीत कुमार, विकास कुमार और मुन्ना राज के रूप में हुई है. सभी बिहार के रहने वाले बताए जा रहे हैं.
हाईटेक तरीके से की जा रही थी नकल
रांची ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक गौरव गोस्वामी ने बताया कि विशेष जांच दल (SIT) ने परीक्षा केंद्र के निरीक्षण के दौरान कई संदिग्ध गतिविधियां पाई हैं.उन्होंने कहा कि एक अभ्यर्थी ने परीक्षा शुरू होने से ठीक पहले कंप्यूटर सिस्टम को रीस्टार्ट किया था, जो निर्धारित प्रक्रिया के खिलाफ था।पूछताछ के दौरान पुलिस को यह भी जानकारी मिली कि सिस्टम तक दूर से एक्सेस लेने की कोशिश की जा रही थी, मामले की जांच जारी है.
पुलिस का कहना है कि जांच में पता चला है कि परीक्षा केंद्र से करीब 50 मीटर दूर एक घर में कंप्यूटर सिस्टम लगाया गया था.आरोप है,कि केंद्र अधीक्षक और आईटी कर्मचारी इंटरनेट और आईपी एक्सेस के जरिए सिस्टम तक पहुंच बना रहे थे और प्रश्न हल किए जा रहे थे।पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि बिहार के एक बिचौलिए ने छह लाख रुपये में यह व्यवस्था कराई थी.
6 से 10 लाख तक की वसूली
पुलिस का कहना है कि मामले में शामिल बिचौलिए ने कथित तौर पर अभ्यर्थी के मूल शैक्षणिक प्रमाण पत्र अपने पास रखे थे,अधिकारियों के मुताबिक, पूछताछ में यह भी पता चला कि इस तरह की व्यवस्थाओं के लिए छह लाख से 10 लाख रुपये तक वसूले जा रहे थे।पुलिस को संदेह है, कि ऑनलाइन परीक्षाओं में गड़बड़ी कराने वाला एक संगठित गिरोह सक्रिय है, मामले में अन्य आरोपियों की तलाश जारी है. टाटिसिलवे थाने में मामला दर्ज कर गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है.
