EAST SINGHBHUM : पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया प्रखंड के पहुंचपानी गांव में एक आदिवासी परिवार आज भी बेहद कठिन हालात में जीवन बिताने को मजबूर है. श्री गणेश मादी अपने दो छोटे बच्चों के साथ कई वर्षों से एक साधारण तंबू में रह रहे हैं, जहां न तो पक्की छत है और न ही सुरक्षित जीवन की बुनियादी सुविधाएं.हैरानी की बात यह है कि सरकार की कई योजनाएं चलने के बावजूद यह जरूरतमंद परिवार अब तक पक्के घर से वंचित है. परिवार ने कई बार प्रधानमंत्री आवास योजना, अबुआ आवास योजना सहित अन्य सरकारी योजनाओं के लिए आवेदन किया. बीडीओ, सीओ और संबंधित अधिकारियों के पास भी कई बार गुहार लगाई गई, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल सका.
इसे भी पढ़ें : झारखंड में 16 मई से 14 जून तक जनगणना, अधिसूचना जारी
जब यह मामला मीडिया के जरिए चंपई सोरेन की पुत्री तक पहुंचा, तो उन्होंने तुरंत गांव पहुंचकर परिवार की स्थिति का जायजा लिया और प्रशासन को पूरे मामले से अवगत कराया.बताया जा रहा है कि उपायुक्त से बात करने के बाद जल्द ही कागजी प्रक्रिया पूरी कर परिवार को आवास उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया है. अब उम्मीद की जा रही है कि प्रशासन इस मामले में तेजी दिखाएगा और इस जरूरतमंद परिवार को सम्मानपूर्वक रहने के लिए पक्का घर उपलब्ध कराया जाएगा. यह मामला एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि आखिर योजनाओं का लाभ सही लोगों तक समय पर क्यों नहीं पहुंच पा रहा है.
इसे भी पढ़ें : जेब पर हल्का नहीं, असर गहरा—रिम्स में इलाज हुआ महंगा
