RANCHI : कहते हैं, राजनीति में दोस्ती और दुश्मनी दोनों की एक्सपायरी डेट नहीं होती. यहां सुबह बयान चलता है, दोपहर में पलटवार होता है और शाम तक मामला वकील के नोटिस तक पहुंच जाता है. कुछ ऐसा ही नजारा इन दिनों धनबाद की सियासत में देखने को मिल रहा है. आरोप, पलटवार और प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद अब लड़ाई अदालत की चौखट तक पहुंच गई है. धनबाद लोकसभा क्षेत्र से बीजेपी सांसद ढुलू महतो ने निरसा विधायक अरूप चटर्जी को अपने अधिवक्ता के माध्यम से 2 करोड़ रुपये का मानहानि नोटिस भेजा है.
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2 करोड़ का मानहानि नोटिस
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, नोटिस में कहा गया है कि विधायक अरूप चटर्जी ने प्रेस वार्ता और उसके बाद विभिन्न प्रिंट मीडिया, डिजिटल मीडिया तथा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से सांसद ढुलू महतो और उनके परिवार के खिलाफ कई गंभीर, झूठे और निराधार आरोप लगाए, जिससे उनकी व्यक्तिगत और सामाजिक प्रतिष्ठा को क्षति पहुंची है. इसी आधार पर दो करोड़ रुपये की क्षतिपूर्ति की मांग करते हुए कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है. धनबाद की राजनीति में ढुलू महतो और अरूप चटर्जी के बीच सियासी टकराव कोई नई बात नहीं है. दोनों नेता अक्सर एक-दूसरे पर तीखे हमले करते रहे हैं, लेकिन इस बार मामला सिर्फ राजनीतिक बयानबाजी तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कानूनी मोड़ ले चुका है. अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि अरूप चटर्जी इस नोटिस का क्या जवाब देते हैं और यह सियासी लड़ाई आगे किस दिशा में बढ़ती है.
धनबाद की राजनीति पर फिलहाल एक लाइन खूब फिट बैठ रही है- “पहले मंच से बयान चलते थे, अब सीधे वकील के नोटिस चल रहे हैं.” हालांकि, यह तय है कि झारखंड की राजनीति में आरोप, पलटवार और सियासी वार का यह सिलसिला अभी थमता नजर नहीं आ रहा है.
