RANCHI : कोडरमा जिला क्रिकेट एसोसिएशन (KDCA) की कार्यप्रणाली, कथित वित्तीय अनियमितताओं और खिलाड़ियों के हितों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर पूर्व क्रिकेटरों एवं क्लब प्रतिनिधियों ने शुक्रवार को रांची प्रेस क्लब में प्रेस कॉन्फ्रेंस की. इस दौरान अंडर-16 क्रिकेट प्रकरण, कोडरमा प्रीमियर लीग (KPL) में कथित गड़बड़ियों, क्लबों की उपेक्षा और एसोसिएशन की वार्षिक आमसभा (AGM) की प्रक्रिया पर सवाल उठाए गए.
प्रतिनिधियों ने कहा कि जिले में क्रिकेट के विकास और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को उचित अवसर देने के लिए एसोसिएशन की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही जरूरी है. उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों से उठाए गए सवालों पर स्पष्ट जवाब देने की मांग की.
वित्तीय लेन-देन और लेखा-जोखा सार्वजनिक करने की मांग
पूर्व क्रिकेटरों एवं क्लब प्रतिनिधियों ने KDCA के वित्तीय लेन-देन, क्लब पंजीकरण शुल्क, लाइफ मेंबरशिप शुल्क और अन्य आय-व्यय का विस्तृत ब्योरा सार्वजनिक करने की मांग की. उन्होंने एसोसिएशन के बैंक खातों और क्रिकेट गतिविधियों पर किए गए खर्च का विवरण संबंधित क्लबों के सामने रखने तथा वित्तीय मामलों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की.
अंडर-16 प्रकरण में आधिकारिक रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग
अंडर-16 क्रिकेट से जुड़े पूर्व में उठाए गए मामले पर भी चर्चा हुई. प्रतिनिधियों ने खिलाड़ियों के साथ कथित अनियमितताओं और संबंधित पदाधिकारियों की भूमिका को लेकर उठे सवालों की गंभीरता से जांच करने की मांग की. उन्होंने पूर्व में हुई जांच और उपलब्ध आधिकारिक रिपोर्ट के निष्कर्ष सार्वजनिक करने तथा उसके आधार पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने की अपील की.
KPL के आयोजन और चयन प्रक्रिया पर उठे सवाल
कोडरमा प्रीमियर लीग (KPL) में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठाते हुए प्रतिनिधियों ने प्रतियोगिता के आयोजन, संचालन, खिलाड़ियों के चयन और वित्तीय लेन-देन की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की. उनका कहना था कि क्रिकेट प्रतियोगिताओं में पारदर्शिता सुनिश्चित होनी चाहिए, ताकि खिलाड़ियों को बिना किसी पक्षपात के अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल सके.
AGM और मतदाता सूची की पारदर्शिता पर आपत्ति
KDCA में वार्षिक आमसभा (AGM), क्लबों की भागीदारी और मतदाता सूची को लेकर भी सवाल उठाए गए. प्रतिनिधियों ने 21 सितंबर 2026 को आयोजित बताई गई AGM की प्रक्रिया पर आपत्ति जताते हुए बैठक की सूचना, कार्यवाही विवरण और वैध मतदाता सूची सार्वजनिक करने की मांग की. उन्होंने आरोप लगाया कि कई पंजीकृत क्लबों को उचित सूचना और प्रतिनिधित्व नहीं मिल रहा है. वक्ताओं ने कहा कि जिला क्रिकेट संघ का संचालन संविधान, निर्धारित नियमों और लोकतांत्रिक प्रक्रिया के अनुरूप होना चाहिए. क्लबों की भागीदारी सुनिश्चित किए बिना जिले में क्रिकेट व्यवस्था को मजबूत करना मुश्किल होगा.
JSCA से हस्तक्षेप की मांग
पूर्व क्रिकेटरों और क्लब प्रतिनिधियों ने झारखंड राज्य क्रिकेट संघ (JSCA) सहित संबंधित क्रिकेट अधिकारियों से KDCA से जुड़े सभी विवादों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की. उन्होंने वित्तीय दस्तावेजों और आधिकारिक रिपोर्टों को सार्वजनिक करने तथा जांच में आरोप साबित होने पर नियमानुसार कार्रवाई करने की अपील की.
प्रतिनिधियों ने कहा कि कोडरमा में नियमित जिला क्रिकेट लीग का आयोजन, प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को निष्पक्ष अवसर और क्लबों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जानी चाहिए. उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी मांग किसी व्यक्ति विशेष को निशाना बनाने के बजाय क्रिकेट प्रशासन में पारदर्शिता, जवाबदेही और खिलाड़ियों के हितों की रक्षा करना है.
प्रेस कॉन्फ्रेंस में ये लोग रहे मौजूद
प्रेस कॉन्फ्रेंस में पूर्व क्रिकेटर एवं प्रतिनिधि रिशाल सूद, हर्ष सिंह, अमित कुमार सिन्हा, रवि कुमार, सुनील कुमार कश्यप, विभूत लोहानी और राकेश शर्मा, अजय शर्मा समेत विभिन्न क्लबों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे. सभी ने कोडरमा जिला क्रिकेट व्यवस्था में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने की जरूरत पर जोर दिया.
