RANCHI/HAZARIBAGH : झारखंड हाईकोर्ट की अधिवक्ता अनुष्का चक्रवर्ती की संदिग्ध मौत के मामले में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है. अनुष्का के पति कुशाग्र रुद्र राणा ने गुरुवार सुबह करीब 11:30 बजे हजारीबाग व्यवहार न्यायालय स्थित मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (CJM) कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया. बताया जा रहा है कि उन्होंने पुलिस को चकमा देते हुए अचानक अदालत पहुंचकर सरेंडर किया. अनुष्का के मायके वालों ने पति और ससुराल पक्ष पर प्रताड़ना और हत्या के गंभीर आरोप लगाए थे. वहीं, सरेंडर से पहले रुद्र राणा ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर अपने ऊपर लगे आरोपों को गलत बताया और अनुष्का के पिता समेत कुछ अन्य लोगों पर गंभीर आरोप लगाए.
वीडियो जारी कर खुद को बताया निर्दोष
रुद्र राणा ने अपने वीडियो में कहा कि वह अनुष्का से प्यार करते थे और हमेशा करते रहेंगे. उन्होंने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को गलत बताते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की. रुद्र ने दावा किया कि अनुष्का की मौत से पहले परिवार में आर्थिक लेन-देन, कारोबार और निजी संबंधों को लेकर विवाद चल रहा था.उन्होंने आरोप लगाया कि अनुष्का के पिता उनके कारोबार में शामिल होना चाहते थे और कंपनी में डायरेक्टर बनने का दबाव बनाते थे. रुद्र के मुताबिक, वह अपने ससुराल वालों के घरेलू खर्च के लिए हर महीने 50 हजार रुपये देते थे. उन्होंने दावा किया कि ससुराल वालों को स्विफ्ट कार खरीदकर दी, अपने साले को आईफोन और बुलेट दिलाई तथा शादी की 25वीं सालगिरह पर करीब 10 लाख रुपये खर्च किए थे. हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
जीपीएससी में सेटिंग के नाम पर 17 लाख रुपये देने का दावा
रुद्र राणा ने अपने वीडियो में जीपीएससी परीक्षा में कथित सेटिंग के नाम पर पैसों के लेन-देन का गंभीर आरोप लगाया. उन्होंने दावा किया कि रामगढ़ की विधायक ममता देवी के प्रतिनिधि बताए गए मनोज महतो के माध्यम से अनुष्का के जरिए उनकी कंपनी के खाते से 7 लाख रुपये ट्रांसफर कराए गए. इसके अलावा 10 लाख रुपये नकद देने की बात भी कही.रुद्र के मुताबिक, अनुष्का के पिता का दबाव था कि मनोज महतो जीपीएससी परीक्षा में सेटिंग कराकर सफलता दिलवा देंगे. उन्होंने यह भी दावा किया कि इस सिलसिले में अनुष्का के हस्ताक्षर वाले चेक और कॉलेज के मूल दस्तावेज जमा कराए गए थे.
रुद्र का कहना है कि परीक्षा में सफलता नहीं मिलने के बाद भी भुगतान को लेकर दबाव बनाया जा रहा था और अनुष्का इस वजह से परेशान रहती थीं. उन्होंने दावा किया कि उन्होंने इस तरह के लेन-देन को गलत बताया था, लेकिन अनुष्का के पिता के दबाव में पैसे दिए गए.इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है. कथित लेन-देन, परीक्षा में गड़बड़ी और संबंधित लोगों की भूमिका की जांच होना बाकी है.
अनुष्का की अधिवक्ता मित्र पर भी लगाए आरोप
रुद्र राणा ने अपने वीडियो में अनुष्का की अधिवक्ता मित्र अंशु कुमारी का भी जिक्र किया. उन्होंने आरोप लगाया कि अनुष्का के रांची में रहने के दौरान उनकी मित्र के साथ नजदीकी बढ़ी थी. रुद्र के मुताबिक, अनुष्का के कामकाज और निजी जीवन को लेकर भी उनके बीच विवाद होता था. उन्होंने यह भी दावा किया कि अनुष्का करीब दो महीने की गर्भवती थीं और हाल ही में उनका गर्भपात कराया गया था. रुद्र ने आरोप लगाया कि अनुष्का की मित्र करियर पर ध्यान देने के लिए गर्भपात कराने की सलाह दे रही थीं. इन दावों की पुष्टि के लिए स्वतंत्र साक्ष्य सामने आना बाकी है. संबंधित लोगों का पक्ष और मेडिकल रिकॉर्ड सामने आने के बाद ही इन आरोपों की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी.
अनुष्का के मायके वालों ने लगाया था हत्या और प्रताड़ना का आरोप
गौरतलब है कि 22 अक्टूबर को हजारीबाग के बंगाली कॉलोनी स्थित फ्लैट में 28 वर्षीय अनुष्का चक्रवर्ती का शव मिला था. अनुष्का झारखंड हाईकोर्ट में अधिवक्ता के रूप में प्रैक्टिस करती थीं. उनकी मौत के बाद मायके वालों ने पति और ससुराल पक्ष पर दहेज प्रताड़ना, शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न तथा हत्या का आरोप लगाया था. परिजनों ने मौत को आत्महत्या मानने से इनकार करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी. मामले की जांच को लेकर झारखंड हाईकोर्ट ने भी निर्देश दिए हैं कि जांच डीएसपी स्तर के अधिकारी को सौंपी जाए और अगली सुनवाई से पहले प्रगति रिपोर्ट पेश की जाए.
सरेंडर के बाद पुलिस जांच पर टिकी नजरें
कुशाग्र रुद्र राणा के आत्मसमर्पण के बाद अब पुलिस की जांच में कई अहम सवालों के जवाब तलाशे जाएंगे. अनुष्का की मौत किन परिस्थितियों में हुई? पति और मायके वालों के बीच विवाद की असली वजह क्या थी? कथित आर्थिक लेन-देन, जीपीएससी में सेटिंग और गर्भपात से जुड़े दावों में कितनी सच्चाई है? पुलिस इन सभी पहलुओं की जांच कर सकती है. मामले में संबंधित लोगों के बयान, वित्तीय लेन-देन के रिकॉर्ड, डिजिटल साक्ष्य और मेडिकल रिपोर्ट अहम हो सकते हैं. फिलहाल, रुद्र राणा की ओर से लगाए गए आरोपों और अनुष्का के परिवार की शिकायतों को जांच के आधार पर ही परखा जाएगा. मामले में अंतिम निष्कर्ष पुलिस जांच और अदालत की कानूनी प्रक्रिया के बाद ही सामने आएगा.
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