RANCHI : निमाई महतो, जो झारखंडी भाषा संघर्ष समिति के अध्यक्ष हैं, इन दिनों चास नगर निगम क्षेत्र में सबसे ज्यादा चर्चा में हैं. नगर निकाय चुनाव को लेकर जैसे-जैसे राजनीतिक हलचल तेज हो रही है, वैसे-वैसे उन्हें भावी प्रत्याशी के रूप में देखा जा रहा है। स्थानीय स्तर पर उनकी मजबूत पकड़ और सामाजिक सक्रियता ने इस चर्चा को और बल दिया है.

निमाई महतो लंबे समय से झारखंडी भाषा, संस्कृति और स्थानीय अधिकारों की लड़ाई लड़ते आ रहे हैं। वे जमीनी आंदोलनों से जुड़े रहे हैं और आम लोगों के मुद्दों को लगातार उठाते रहे हैं. यही कारण है कि उनकी पहचान सिर्फ एक संगठनात्मक नेता तक सीमित नहीं, बल्कि एक जनसंघर्ष के चेहरे के रूप में बन चुकी है.
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स्थानीय नागरिकों और सामाजिक संगठनों का मानना है कि निमाई महतो ने हमेशा क्षेत्रीय अस्मिता और आमजन की समस्याओं को प्राथमिकता दी है. युवाओं के बीच भी उनकी सक्रियता और स्पष्ट विचारधारा को लेकर खासा समर्थन देखा जा रहा है.
राजनीतिक जानकारों की मानें तो यदि निमाई महतो चास नगर निगम चुनाव में मैदान में उतरते हैं, तो नगर निगम की राजनीति में नए समीकरण बन सकते हैं. फिलहाल उनकी उम्मीदवारी को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन क्षेत्र में चर्चाओं का दौर लगातार तेज होता जा रहा है.
