झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की सदस्य अनिमा हांसदा की बेटी भी JPSC की परीक्षा में शामिल हुई थीं. आरोप है कि अनिमा हांसदा ने अपनी बेटी के परीक्षा में शामिल होने की जानकारी आयोग से साझा नहीं की थी. इसे आयोग के नियमों के विरुद्ध बताया जा रहा है. मामला सामने आने के बाद जब अनिमा हांसदा से इस संबंध में सवाल किया गया, तो उन्होंने सफाई देते हुए कहा कि उन्हें लगा था कि केवल मुख्य परीक्षा में शामिल होने की जानकारी ही आयोग को देनी होती है.
हालांकि, सवाल यह उठ रहा है कि अगर आयोग की सदस्य के परिवार का कोई सदस्य उसी आयोग की परीक्षा में शामिल हो रहा था, तो क्या इसकी जानकारी पहले से आयोग को नहीं दी जानी चाहिए थी? इस मामले ने JPSC की परीक्षा प्रक्रिया और आयोग के सदस्यों की भूमिका को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं. अब इस पूरे मामले में नियम क्या कहते हैं और अनिमा हांसदा की बेटी के परीक्षा में शामिल होने की जानकारी आयोग के सामने कब और किस स्तर पर आई, इसे लेकर भी जांच की मांग उठ रही है.
